रायपुर वीआईपी रोड स्थित श्री राम मंदिर के चंदे और निर्माण कार्यों की जांच की मांग, PMO को भेजा ईमेल


न्यूजलाइन नेटवर्क , रायपुर ब्यूरो
रायपुर: राजधानी के वीआईपी रोड स्थित प्रतिष्ठित श्री राम मंदिर में बीते करीब 10 वर्षों के दौरान प्राप्त दान, चढ़ावे और मंदिर परिसर में हुए निर्माण कार्यों की निष्पक्ष जांच की मांग उठी है। सोशल और आरटीआई एक्टिविस्ट कुणाल शुक्ला ने इस संबंध में प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) को ईमेल भेजकर उच्चस्तरीय जांच का आग्रह किया है।
पारदर्शिता को बताया जरूरी
कुणाल शुक्ला ने अपने पत्र में तर्क दिया है कि मंदिर जैसे धार्मिक स्थल जनता की आस्था और श्रद्धालुओं द्वारा दिए गए दान से संचालित होते हैं। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं की मेहनत की कमाई से जुड़े आय-व्यय का हिसाब पूरी तरह सार्वजनिक और पारदर्शी होना चाहिए।
“आरोप नहीं, सत्यता की मांग है”
इस मामले को लेकर कुणाल शुक्ला ने स्पष्ट किया कि उनका उद्देश्य किसी व्यक्ति या संस्था को लक्षित करना या उन पर बिना आधार के आरोप लगाना नहीं है। उन्होंने कहा, “मेरा आग्रह केवल एक निष्पक्ष जांच का है। यदि मंदिर का प्रबंधन सब कुछ नियमों के दायरे में रहकर कर रहा है, तो जांच के बाद यह स्थिति स्वतः स्पष्ट हो जाएगी। वहीं, यदि कहीं कोई अनियमितता पाई जाती है, तो उस पर विधिसम्मत कार्रवाई होनी चाहिए।”
भ्रष्टाचार मुक्त प्रबंधन की अपेक्षा
एक्टिविस्ट ने उम्मीद जताई है कि प्रधानमंत्री कार्यालय उनके आवेदन को संज्ञान में लेगा ताकि भविष्य में धार्मिक ट्रस्टों और मंदिरों के प्रबंधन में जवाबदेही सुनिश्चित की जा सके। इस मांग के बाद स्थानीय स्तर पर मंदिर प्रबंधन की कार्यप्रणाली को लेकर चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है।

