10 लाख के कर्ज ने बनवाया चेन लूट का झूठा खेल, तीन दिन की जांच में खुल गई सच्चाई

न्यूजलाइन नेटवर्क राजेपुर फर्रुखाबाद
मां के गले से सोने की चेन लूटे जाने की कहानी सुनाकर पुलिस को दौड़ाने वाला युवक आखिरकार अपनी ही बनाई पटकथा में फंस गया। तीन दिन तक चली गहन जांच, दर्जनों सीसीटीवी कैमरों की फुटेज और सख्त पूछताछ के बाद पुलिस ने कथित चेन लूट की घटना को फर्जी करार देते हुए शिकायतकर्ता युवक को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में सामने आया कि करीब 10 लाख रुपये के कर्ज से परेशान युवक ने अपनी मां के साथ मिलकर यह कहानी गढ़ी थी।
दीनदयाल बाग मसेनी निवासी राहुल शुक्ला ने एक जून को राजेपुर थाने में तहरीर देकर बताया था कि वह अपनी मां अनीता शुक्ला के साथ बाइक से जलालाबाद जा रहा था। आरोप लगाया था कि इटावा-बरेली हाईवे स्थित रामगंगा पुल के पास पीछे से आए दो बाइक सवार बदमाश उसकी मां के गले से सोने की चेन झपटकर फरार हो गए। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी थी।
थानाध्यक्ष नागेंद्र सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम ने घटना की हर पहलू से जांच की। आसपास लगे करीब 40 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली गई, लेकिन कहीं भी चेन लूट की घटना दिखाई नहीं दी। जांच आगे बढ़ी तो शिकायतकर्ता के बयान भी बार-बार बदलते नजर आए। इससे पुलिस का शक और गहरा गया।
पुलिस की सख्त पूछताछ में राहुल शुक्ला ने आखिरकार सच उगल दिया। उसने बताया कि उस पर लगभग 10 लाख रुपये का कर्ज था। आर्थिक तंगी और बढ़ते दबाव के चलते उसने अपनी मां के साथ मिलकर चेन लूट की झूठी कहानी तैयार की थी, ताकि लोगों को गुमराह किया जा सके और चेन के बारे में पूछताछ से बचा जा सके।
जांच में मामला पूरी तरह फर्जी पाए जाने पर उपनिरीक्षक आशुतोष कुमार ने आरोपी को डबरी के पास से गिरफ्तार कर लिया। उसके खिलाफ शांति भंग की धाराओं में कार्रवाई करते हुए चालान किया गया।

