अयोध्या: राम मंदिर चढ़ावा कांड में नया मोड़, 1250 बहुमूल्य श्रीराम शिलाएं ‘गायब’ होने का दावा

अयोध्या: राम मंदिर चढ़ावा कांड में नया मोड़, 1250 बहुमूल्य श्रीराम शिलाएं ‘गायब’ होने का दावा

अयोध्या: राम मंदिर चढ़ावा कांड में नया मोड़, 1250 बहुमूल्य श्रीराम शिलाएं ‘गायब’ होने का दावा

न्यूज़लाइन नेटवर्क, डेस्क ब्यूरो 

अयोध्या : राम मंदिर के चढ़ावे को लेकर जारी विवाद के बीच अब एक और गंभीर मामला सामने आया है। दावा किया जा रहा है कि राम मंदिर आंदोलन के दौरान देश-विदेश से आईं 1250 बहुमूल्य ‘श्रीराम शिलाएं’ अब नहीं मिल रही हैं। इन शिलाओं के गायब होने की खबर ने अयोध्या में खलबली मचा दी है।

क्या है मामला?

आरोप है कि राम मंदिर निर्माण के आंदोलन के दौरान श्रद्धालुओं ने श्रद्धापूर्वक बेशकीमती वस्तुएं दान की थीं। इनमें सोने, चांदी और बहुमूल्य रत्नों से जड़ी शिलाएं शामिल थीं। स्थानीय स्तर पर हो रही चर्चाओं के अनुसार, इन ऐतिहासिक धरोहरों का वर्तमान में कोई अता-पता नहीं है। दावों की मानें तो इनमें से सबसे महंगी शिला मॉरीशस से भेजी गई थी, वहीं मुंबई के एक प्रमुख व्यापारी ने हीरे जड़ी शिला दान में दी थी।

जवाबदेही पर उठे सवाल

इस मामले के सामने आने के बाद अब बड़ा सवाल यह खड़ा हो गया है कि श्रद्धालुओं की इन ऐतिहासिक और आस्था से जुड़ी भेंटों का आधिकारिक रिकॉर्ड कहां है? इन शिलाओं की देखरेख की जिम्मेदारी किसके पास थी और अब ये कहां हैं? मंदिर से जुड़े प्रबुद्ध वर्ग और स्थानीय लोगों का कहना है कि इन बहुमूल्य वस्तुओं का गायब होना गंभीर चिंता का विषय है, जिसकी गहन जांच आवश्यक है।

SIT जांच की मांग और उम्मीदें

सूत्रों का कहना है कि अयोध्या में चढ़ावा चोरी के संगठित गिरोह को लेकर चर्चाएं गर्म हैं। कई जिम्मेदार लोग इस पूरे घटनाक्रम और ‘चढ़ावा घोटाले’ से जुड़ी जानकारी SIT (विशेष जांच दल) के समक्ष रखने के लिए तैयार हैं। हालांकि, अभी यह स्पष्ट नहीं है कि क्या इन 1250 शिलाओं का मामला SIT के जांच दायरे (Terms of Reference) में शामिल होगा या नहीं। यदि यह विषय जांच का हिस्सा बनता है, तो इस मामले में बड़े खुलासे होने की संभावना है।

श्रद्धालुओं में इस खबर को लेकर भारी रोष है। लोग मांग कर रहे हैं कि यदि ये शिलाएं वास्तव में गायब हैं, तो इनके लिए जिम्मेदार लोगों की पहचान कर उन पर कड़ी कार्रवाई की जाए। फिलहाल, प्रशासन और मंदिर प्रबंधन की ओर से इस नए दावे पर कोई आधिकारिक टिप्पणी नहीं आई है।

CATEGORIES
Share This

COMMENTS

Wordpress (0)
Disqus (0 )